भक्ति दरबार

द्वारका का पंचांग Dwarka Panchang

गुरुवार, 14 सितंबर 2028आश्विन कृष्ण दशमी

द्वारका · शहर बदलें

दिन

तिथि
दशमी दोपहर 3:55 तकएकादशी दोपहर 1:41, 15 सित तक
नक्षत्र
पुनर्वसु रात 1:14, 15 सित तकपुष्य रात 11:29, 15 सित तक
योग
वरीयान रात 10:43 तकपरिघ शाम 7:39, 15 सित तक
करण
विष्टि दोपहर 3:55 तकबव रात 2:53, 15 सित तकबालव दोपहर 1:41, 15 सित तक
पक्ष
कृष्ण पक्ष
वार
गुरुवार
मास
आश्विन (पूर्णिमांत) · भाद्रपद (अमांत)

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
सुबह 6:41
सूर्यास्त
शाम 6:58
चंद्रोदय
रात 1:46

शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
सुबह 5:07 – सुबह 5:54
अभिजित मुहूर्त
दोपहर 12:25 – दोपहर 1:14
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:52 – दोपहर 3:41
निशिता मुहूर्त
रात 12:26, 15 सित – रात 1:13, 15 सित

इनसे बचें

राहु काल
दोपहर 2:22 – दोपहर 3:54
यमगण्ड
सुबह 6:41 – सुबह 8:13
गुलिक काल
सुबह 9:45 – सुबह 11:17
दुर्मुहूर्त
सुबह 10:47 – सुबह 11:36, दोपहर 3:41 – शाम 4:31

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया
शुभसुबह 6:41 – सुबह 8:13
रोगसुबह 8:13 – सुबह 9:45
उद्वेगसुबह 9:45 – सुबह 11:17
चरसुबह 11:17 – दोपहर 12:49
लाभदोपहर 12:49 – दोपहर 2:22
अमृतदोपहर 2:22 – दोपहर 3:54
कालदोपहर 3:54 – शाम 5:26
शुभशाम 5:26 – शाम 6:58
रात का चौघड़िया
अमृतशाम 6:58 – रात 8:26
चररात 8:26 – रात 9:54
रोगरात 9:54 – रात 11:22
कालरात 11:22 – रात 12:50
लाभरात 12:50 – रात 2:17
उद्वेगरात 2:17 – रात 3:45
शुभरात 3:45 – सुबह 5:13
अमृतसुबह 5:13 – सुबह 6:41

समय द्वारका (UTC+5:30) के हैं, सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, लाहिड़ी अयनांश और ऊपरी किनारे वाले सूर्योदय से, जैसा ज़्यादातर भारतीय पंचांग मानते हैं।