भुवनेश्वर का पंचांग Bhubaneswar Panchang
शनिवार, 27 फ़रवरी 2027फाल्गुन कृष्ण सप्तमी
भुवनेश्वर · शहर बदलें
भारत
- अमृतसर
- अयोध्या
- अलीगढ़
- अहमदाबाद
- आगरा
- इंदौर
- उज्जैन
- उदयपुर
- ऋषिकेश
- कानपुर
- कोच्चि
- कोटा
- कोयंबटूर
- कोलकाता
- गया
- गाज़ियाबाद
- गुरुग्राम
- गुवाहाटी
- गोरखपुर
- ग्वालियर
- चंडीगढ़
- चेन्नई
- जबलपुर
- जम्मू
- जयपुर
- जोधपुर
- ठाणे
- तिरुपति
- तिरुवनंतपुरम
- दिल्ली
- देहरादून
- द्वारका
- नई दिल्ली
- नागपुर
- नाशिक
- नोएडा
- पटना
- पुणे
- पुरी
- प्रयागराज
- फ़रीदाबाद
- बरेली
- बेंगलुरु
- भुवनेश्वर
- भोपाल
- मंगलुरु
- मथुरा
- मदुरै
- मुंबई
- मुरादाबाद
- मेरठ
- मैसूरु
- रांची
- राजकोट
- रायपुर
- लखनऊ
- लुधियाना
- वडोदरा
- वाराणसी
- विशाखापत्तनम
- वृंदावन
- शिमला
- शिरडी
- श्रीनगर
- सूरत
- हरिद्वार
- हैदराबाद
विदेश
दिन
- तिथि
- सप्तमी रात 9:54 तकअष्टमी रात 11:45, 28 फ़र तक
- नक्षत्र
- विशाखा सुबह 11:39 तकअनुराधा दोपहर 1:47, 28 फ़र तक
- योग
- व्याघात रात 10:08 तकहर्षण रात 10:28, 28 फ़र तक
- करण
- विष्टि सुबह 9:13 तकबव रात 9:54 तकबालव सुबह 10:45, 28 फ़र तक
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- वार
- शनिवार
- मास
- फाल्गुन (पूर्णिमांत) · माघ (अमांत)
सूर्य और चंद्रमा
- सूर्योदय
- सुबह 6:09
- सूर्यास्त
- शाम 5:51
शुभ मुहूर्त
- ब्रह्म मुहूर्त
- सुबह 4:30 – सुबह 5:19
- अभिजित मुहूर्त
- सुबह 11:36 – दोपहर 12:23
- विजय मुहूर्त
- दोपहर 1:57 – दोपहर 2:43
- निशिता मुहूर्त
- रात 11:35 – रात 12:24, 28 फ़र
इनसे बचें
- राहु काल
- सुबह 9:04 – सुबह 10:32
- यमगण्ड
- दोपहर 1:27 – दोपहर 2:55
- गुलिक काल
- सुबह 6:09 – सुबह 7:36
- दुर्मुहूर्त
- सुबह 6:09 – सुबह 7:42
चौघड़िया
| काल | सुबह 6:09 – सुबह 7:36 |
|---|---|
| शुभ | सुबह 7:36 – सुबह 9:04 |
| रोग | सुबह 9:04 – सुबह 10:32 |
| उद्वेग | सुबह 10:32 – दोपहर 12:00 |
| चर | दोपहर 12:00 – दोपहर 1:27 |
| लाभ | दोपहर 1:27 – दोपहर 2:55 |
| अमृत | दोपहर 2:55 – शाम 4:23 |
| काल | शाम 4:23 – शाम 5:51 |
| लाभ | शाम 5:51 – शाम 7:23 |
|---|---|
| उद्वेग | शाम 7:23 – रात 8:55 |
| शुभ | रात 8:55 – रात 10:27 |
| अमृत | रात 10:27 – रात 11:59 |
| चर | रात 11:59 – रात 1:31 |
| रोग | रात 1:31 – रात 3:03 |
| काल | रात 3:03 – सुबह 4:36 |
| लाभ | सुबह 4:36 – सुबह 6:08 |
आने वाले त्योहार
समय भुवनेश्वर (UTC+5:30) के हैं, सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, लाहिड़ी अयनांश और ऊपरी किनारे वाले सूर्योदय से, जैसा ज़्यादातर भारतीय पंचांग मानते हैं।